कौशाम्बी बुलेरो की टक्कर से बुलट सवार पत्रकार हुए जख्मी, जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने किया प्रयागराज रेफर... बुलेरो की टक्कर से बुलट सवार पत्रकार हुए जख्मी, जिला...
कौशाम्बी बुलेरो की टक्कर से बुलट सवार पत्रकार हुए जख्मी, जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने किया प्रयागराज रेफर... बुलेरो की टक्कर से बुलट सवार पत्रकार हुए जख्मी, जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने किया प्रयागराज रेफर...
कौशाम्बी : जनपद में महेवाघाट थानांर्गत अजरौली डकशरीरा के समीप बुलट में सवार होकर मुख्यालय आ रहे पत्रकार को बुलेरो ने टक्कर मार दिया, इस हादसे में पत्रकार गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं आसपास रहे लोगों ने आनन फानन में उन्हें स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया जहां चिकित्सकों ने हालत गंभीर बताते हुए प्रयागराज के लिए रेफर कर दिया है, मिली जानकारी के अनुसार महेवाघाट थाना क्षेत्र के हिनौता निवासी पत्रकार सच्चिदानंद मिश्र शनिवार को तकरीबन 11ः00 बजे बुलट में सवार होकर मंझनपुर स्थित अपने ब्यूरो कार्यालय आ रहे थे। बताया जाता है कि जैसे ही उनकी बुलट अजरौली व डकषरीरा के समीप पहुंची कि सामने से आ रहे तेज रफ्तार बुलेरो ने टक्कर मार दिया, हादसे में पत्रकार गंभीर रूप से घायल हो गए हैं जानकारी होने पर पहुंचे घायल के परिवारीजनों ने हादसे की सूचना पुलिस को देते हुए इलाज के जिला अस्पताल में भर्ती कराया है जहां चिकित्सकों ने पत्रकार की हालत गंभीर बताते हुए प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल के लिए रेफर कर दिया है वहीं हादसे के बाद पुलिस ने बुलेरो वाहन के खिलाफ लिखा पढ़ी शुरू कर दी है ।
जुल्म के खिलाफ आवाज समय-समय पर उड़ती रही है कभी इस आवाज ने सियासत को पलटा और कभी अत्याचार के खिलाफ उठती यह आवाज सियासत के द्वारा दफना दी गई। कहते हैं जुल्म करना तो गुनाह है ही मगर जुल्म को सहना भी गुनाह है। इसलिए जुल्म के खिलाफ आवाज हमेशा बुलंद करनी चाहिए।
(2)बेहतर दिनों की आस में ग़रीब जुल्म सहता गया
अत्याचार के खिलाफ आवाज़ उठाने की बजाय
वैसे करता रहा जैसे अमीर कहता गया
रोटी कमाने से फुर्सत मिले तो आवाज़ उठाए
भूखे पेट जुल्म के खिलाफ आवाज़ निकलेगी कैसे
अत्याचार के खिलाफ शायरी
एक हो जाओ अत्याचार के खिलाफ
जुल्म और भ्रष्टाचार के खिलाफ
जो करती है शोषण गरीबों का